विदिशा जिले के शासकीय स्कूलों में शनिवार, 19 सितंबर से ‘मेरे सपनों का भारत’ विषय पर चित्रकला और भाषण प्रतियोगिताएं शुरू हुईं। सेवा संकल्प अभियान के तहत आयोजित इन गतिविधियों में विद्यार्थियों ने भविष्य के भारत को लेकर अपनी कल्पनाएं और विचार सामने रखे।
अभियान के पहले दिन जिले के सभी शासकीय स्कूलों में दोनों प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। शिक्षकों ने विद्यार्थियों को तैयारी और प्रस्तुति के लिए मार्गदर्शन भी दिया।
खास बातें
- 19 सितंबर से चित्रकला और भाषण प्रतियोगिताओं की शुरुआत
- विद्यार्थियों ने भविष्य के भारत को चित्रों और भाषणों में व्यक्त किया
- जिले में निर्धारित गतिविधियां 26 सितंबर तक आयोजित होंगी
रंगों में स्वच्छ, शिक्षित और आत्मनिर्भर भारत
चित्रकला प्रतियोगिता में विद्यार्थियों ने विकसित, स्वच्छ, आत्मनिर्भर, शिक्षित और समृद्ध भारत की परिकल्पना को रंगों के माध्यम से प्रस्तुत किया। चित्रों में उनकी रचनात्मकता के साथ देश के भविष्य को देखने का नजरिया भी दिखाई दिया।
भाषणों में शिक्षा, नवाचार और युवाओं की भूमिका
भाषण प्रतियोगिता में विद्यार्थियों ने भारत के भविष्य, युवाओं की भूमिका, शिक्षा और स्वावलंबन पर विचार रखे। जनभागीदारी, नवाचार और राष्ट्र निर्माण भी उनकी प्रस्तुतियों के प्रमुख विषय रहे।
इन प्रतियोगिताओं का उद्देश्य विद्यार्थियों की रचनात्मक प्रतिभा और विचार अभिव्यक्ति को प्रोत्साहित करना है। इसके साथ उन्हें देश के विकास में अपनी भूमिका पर सोचने और अपनी बात रखने का अवसर मिला।
जिले के विद्यालयों और अन्य क्षेत्रों में अभियान की गतिविधियां निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार 26 सितंबर तक जारी रहेंगी। इनमें विद्यार्थियों और आमजन की भागीदारी के साथ सेवा, नवाचार, सुशासन और जनकल्याण की भावना को बढ़ावा देने की योजना है।







